समाजवादी पाल्टी तो डूबी ही डूबी ।

समाजवादी पाल्टी अपने अस्तित्व की लडाई लड़ रही है ।
करो या मरो …….. चुनाव सिर पे है ।
खबर है कि 1500 करोड़ से ऊपर की चुनाव सामग्री छप के तैयार है । इसमें पार्टी के झंडे banor पोस्टर Tshirt बनियान बिल्ले स्टिकर्स flex boards और hoardings और न जाने क्या क्या है ।
UP जैसे विशाल प्रदेश में , जहां 20 करोड़ की जनसंख्या और 11 करोड़ से ज़्यादा भोटर है ……. जहां 400 से ज़्यादा सीट पे प्रत्याशी उतारे जाने हैं ……. वहाँ पार्टी के दो फाड़ होने का ख़तरा है ।
ऊपर से नेताओं को यही नहीं पता कि उन्हें किस चुनाव चिन्ह पे चुनाव लड़ना है । समस्या ये है की भारी मात्रा में जो चुनाव प्रचार सामग्री छप के तैयार है वो सब साइकिल चुनाव चिन्ह से छपी है । अब इस साइकिल पे ही ख़तरा मंडरा रहा है ।
कल को अगर चुनाव आयोग ने ये साइकिल ही फ्रीज़ कर दी तो दोनों गुटों अर्थात अखिलेश और मुलायम सिपाल दोनों को नए सिंबल पे चुनाव लड़ना पडेगा । नयी प्रचार सामग्री कोई रातों रात तो छप नहीं जायेगी ।
जैसे पति पत्नी बच्चों की वजह से तलाक़ नहीं ले पाते और मजबूरन साथ रहते हैं उसी तरह साइकिल के मोह में मुलायम अकलेस अलग नहीं हो पा रहे । इसके अलावा इक्लेस जादो ने समाजवादी पाल्टी के दोनों बैंक खाते भी seize करा दिए …… मने कंगाली में आटा गीला ।

पकिस्तान भारत के बीच शान्ति रहे इसमें एक बड़ी समस्या ये आती है कि पाकिस्तान में पाक सरकार के अलावा कई Non State actors हैं । Army है , ISI है , उसके बाद विभिन्न जिहादी गुट हैं । आखिर भारत सरकार पाकिस्तान में शान्ति वार्ता करे तो किस से ?
यही हाल समाजवादी पाल्टी का है । अखिलेश मुलायम का बस चले तो दो मिनट में झगड़ा सुलटा लें ।
पर उधर रामगोपाल और इधर सिपाल जादो और अमर सींग …… ये तीन शान्ति और समझौता वार्ता में रोड़ा बने बैठे हैं । इक्लेस जादो और मुलायम जादो को अगर शान्ति स्थापना करनी है तो इन दोनों को रामगोपाल , सिपाल और अमर सींग इन तीनो को GPL मार के पार्टी से 60 साल के लिए निष्कासित कर देना चाहिए । इसके अलावा पार्टी में जितने भाई भतीजे भांजे बहू बेटियां बहन भेनजी भांजी भतीजी बुआ मौसी नानी समधी साले सालियाँ साढ़ू सरहज हैं उन सबकी G पे भी लात मार के party से बाहर कर देना चाहिए । इसके अलावा परतीक गुप्ता जादो और उसकी बीबी अपरना गुप्ता जादो को भी घर और पाल्टी दोनों से G पे लात मार के भगा देना चाहिए । भैंचो पोलिटिकल पाल्टी है कि तबेला ???????

पर काश …… GPL मार के भगा देना इतना ही आसान रहा होता ………. अमर सिंघवा एक नंबर का दलाल नहीं दल्ला है । न जाने किस किस के संग किस किस की रिकॉडिंग रखा होगा …….. और न जाने किस किस मुद्रा में रखा होगा ……. कम्बकब्त सोसल मीडिया का ज़माना है । एक घंटे में 45 लाख शेयर और views हो जाते हैं वीडियो clip के ।
अमर सिंह से पार पाना मुलायम इक्लेस जादो के बस का नहीं ।

समाजवादी पाल्टी का किस्सा खत्म समझ लो ।
बिना सिंबल , बिना प्रचार सामग्री , बिना funds , बिना नेता , हर सीट पे बागी उम्मीदवार , free for all gang bang ……. कब कौन किसकी कहाँ कैसे मार ले क्या पता ?ऊपर से भाजपा और मोदी जैसा सशक्त प्रतिद्वंद्वी ।

समाजवादी पाल्टी तो डूबी ही डूबी ।